भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४९ भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४९ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (उत्तरपर्व) अध्याय ४९ शर्करा-सप्तमी-व्रत की विधि भगवान् श्रीकृष्ण बोले — धर्मराज ! अब मैं सभी पापों को नष्ट करनेवाले तथा आयु, आरोग्य और अनन्त ऐश्वर्य प्रदान करनेवाले शर्करा सप्तमी-व्रत का वर्णन करता हूँ । वैशाख मास के शुक्ल पक्ष… Read More
भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४८ भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४८ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (उत्तरपर्व) अध्याय ४८ कल्याण-सप्तमी-व्रत की विधि महराज युधिष्ठिर ने कहा — भगवन् ! यदि इस संसार-सागर से पार उतारनेवाला तथा स्वर्ग, आरोग्य एवं सुखप्रदायक कोई व्रत हो तो उसे आप बतलाने की कृपा करें । भगवान् श्रीकृष्ण बोले —… Read More
भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४७ भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४७ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (उत्तरपर्व) अध्याय ४७ उभय-सप्तमी-व्रत भगवान् श्रीकृष्ण बोले — महाराज ! अब मैं सप्तमी-कल्प का वर्णन करता हूँ । आप इसे प्रीतिपूर्वक सुनें । माघ महीने की शुक्ला सप्तमी को संकल्पकर भगवान् सूर्य का वरुणदेव-नाम से पूजन करे । अष्टमी… Read More
भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४६ भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४६ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (उत्तरपर्व) अध्याय ४६ कुक्कुट-मर्कटी-व्रतकथा (मुक्ताभरण सप्तमीव्रत-कथा)… Read More
भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४५ भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४५ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (उत्तरपर्व) अध्याय ४५ वर्ज्य-सप्तमी-व्रत महाराज युधिष्ठिर ने कहा — भगवन् ! धन, सौख्य तथा समस्त मनोवाञ्छित कामनाओं को प्रदान करनेवाली किसी सप्तमीव्रत का आप वर्णन करें ।… Read More
भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४४ भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४४ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (उत्तरपर्व) अध्याय ४४ आदित्य-मण्डलदान-विधि भगवान् श्रीकृष्ण बोले — महाराज़ ! अब मैं समस्त अशुभोंके निवारण करनेवाले श्रेयस्कर आदित्य-मण्डल के दान का वर्णन करता हूँ । जौ अथवा गोधूम के चूर्ण में गुड़ मिलाकर उसे गौ के घृत में भलीभाँति… Read More
भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४३ भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४३ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (उत्तरपर्व) अध्याय ४३ विजयासप्तमी-व्रत युधिष्ठिरने पूछा — देव ! विजया-सप्तमी-व्रतमें किसकी पूजा की जाती है, उसका क्या विधान है और क्या फल है ? इसे आप बतलाने की कृपा करें । भगवान् श्रीकृष्ण बोले — राजन् ! शुक्ल पक्ष… Read More
भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४२ भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४२ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (उत्तरपर्व) अध्याय ४२ कुमारषष्ठी-व्रतकी कथा भगवान् श्रीकृष्ण बोले — भरतसत्तम महाराज युधिष्ठिर ! मार्गशीर्ष मास के शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि समस्त पापनाशिनी, धन-धान्य तथा शान्ति-प्रदायिनी एवं अतिकल्याणकारिणी है । उसी दिन कार्तिकेय ने तारकासुर का वध किया था,… Read More
भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४१ भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४१ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (उत्तरपर्व) अध्याय ४१ ललिताषष्ठी-व्रतकी विधि भगवान् श्रीकृष्ण बोले — राजन् ! भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की षष्ठी को यह व्रत होता है । उस दिन उत्तम रूप, सौभाग्य और संतान की इच्छावाली स्त्री को चाहिये कि वह नदी… Read More
भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४० भविष्यपुराण – उत्तरपर्व – अध्याय ४० ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (उत्तरपर्व) अध्याय ४० मन्दारषष्ठी-व्रत… Read More