शाबर मन्त्रों का प्रभाव और साधना शाबर मन्त्रों का प्रभाव और साधना ‘शाबर-मन्त्रों का प्रभाव अचूक होता है । इस विद्या के पितामह भगवान् दत्तात्नेय हैं । भगवान् दत्तावेय ने भगवान् मत्स्येन्द्रनाथ, गोरक्षनाथ आदि नव-नाथों को यह विद्या बताई थी । आदि-शङ्कराचार्य ने भी तपस्या करके ‘शाबरी माता’ का आशीर्वाद प्राप्त किया था । ‘नवनाथ-पन्थ’ में ‘शाबर’ – मन्त्रों को ही… Read More
साधना-रक्षक मन्त्र-प्रयोग साधना-रक्षक मन्त्र-प्रयोग मन्त्र – “ॐ नमो सर्वार्थ-साधिनी स्वाहा ।” विधि–उक्त ११ अक्षरों के मन्त्र को शुभ मुहूर्त में १००० बार जपे । १ माला जप के साथ ‘होम’ करे । अथवा ग्रहण – काल में १२५००० जप कर हवन-तर्पण-मार्जन और ब्रह्म-भोज करे । फिर आवश्यकता पड़ने पर जब किसी शाबर – मन्त्र का अनुष्ठान करे,… Read More
सर्वार्थ-सिद्धि-दायक यन्त्र सर्वार्थ-सिद्धि-दायक यन्त्र विधि-उत्तम योग में निम्न ‘यन्त्र’ बनाएं । कुमकुम में गुलाब- जल या गंगा-जल मिलाकर स्याही बना लें । भोज-पत्न के एक अखण्ड चौरस टुकड़े पर अनार की कलम या सोने अथवा चांदी की शलाका से ‘यन्त्र’ को लिखे । उसे ताँबे की ताबीज मे भरकर अच्छी तरह बन्द करें और लाल डोरे में… Read More
मन्त्र चौकी नाहरसिंह की मन्त्र चौकी नाहरसिंह की मन्त्र:- “ॐ नमो नारसिंह, नारी का जाया । याद किया, सो जल्दी आया । पाँच पान का बीड़ा, मद्य की धार । चल-चल नाहरसिंह, कहाँ लगाई एती बार ? देसुँ केसर कूकड़ो मुर्गा को ताज । देसुँ मध की धार । आरोधा आया नहीं, कहाँ लगाई एती वार ? देसुँ नारसिंह… Read More
भूतादि भगाने का अनुभूत मन्त्र भूतादि भगाने का अनुभूत मन्त्र “ॐ गुरु जी ! काला भैरू क्या करे ? मरा मसान सेवे । मरा मसान से के क्या करे ? लाग को – लपट को, काचे को – कलवे को । झाँप को – झपट को, भूत को – प्रेत को ! जिन्द को – डाकन को, ताल को –… Read More
शाबर मन्त्र के प्रयोग शाबर मन्त्र के प्रयोग १. झाड़-फूँक के मन्त्र – (१) जै जगत्-जननी माता झाल देवी ! वीर बजरङ्ग बली की दुहाई । दुई पद और आधा, सब काम किताब से ज्यादा । पार्वती माता के अढ़ी पद-विद्या । आज मेरा फूके, मेरे गुरू जी का फूको । जब फूकू, तब जागे ।” (२) हंस गुरू… Read More
शिव-साबर शिव-साबर १. सर्प-विष-हरण मन्त्र “गौरा खेती, शिव की बारी । महादेव तेरी रखवारी । दाव चलावे, दाव बाँधे । पाव चलावें, पाव बाँधे । तलवार चलावे, धार बाँधे । अखाड चलाये, जवान बाँधे । मेरी भक्ति, गुरू की शक्ति । दोहाई नरसिंह, दोहाई गौरा पार्वती की, लाख दोहाई, हो गुरु बङ्गाली !”… Read More
शिशु-रोग-निवारक ‘श्रीराम-रक्षा झारा’ शिशु-रोग-निवारक ‘श्रीराम-रक्षा झारा’ मन्त्र :- ‘ॐ रोम-रोम की रक्षा राम जी करें । हाडन की रक्षा हर जी करें । टकान की रक्षा टीकम जी करें । पिण्डरी की रक्षा मोहन जी करें । गोड़न की रक्षा गोवर्धन जी करें । जाँघन की रक्षा जनार्दन जी करें । इन्द्री की रक्षा इन्द्र जी करें ।… Read More
नजर, बुखार में राम-बाण : शाबर नजर, बुखार में राम-बाण : शाबर मन्त्र :- ‘लोहार, लोहरवा की बेटी ! तोर बाप का करत हय ?’ ‘कोइला काटत हय ।’ ‘ओ कोइला का करी ?’ ‘छप्पन छुरा गढ़ी ।’ ‘ओ छुरा का करी ?’ ‘डीठ काटी, टोना काटी और काटी टापर ।’ दोहाई गुरु धनन्तर की । लोना चमारिन की दोहाई ।… Read More
आकर्षण – वशीकरण शाबर मन्त्र आकर्षण – वशीकरण शाबर मन्त्र १॰ मन्त्र – “बिस्मिल्लाहिर्रहमानिर्रहीम” विधिः- मुँह में दूध भरकर उक्त मन्त्र ७८६ बार पढ़ें । फिर वह दूध उगलकर किसी पदार्थ में मिलाकर जिस स्त्री को खिला-पिला दिया जाए, वह आजीवन वश में रहेगी ।… Read More