भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९८ से ९९ December 14, 2018 | aspundir | Leave a comment भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९८ से ९९ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ९८ से ९९ अपराजिता-सप्तमी एवं महाजया-सप्तमी-व्रतका वर्णन ब्रह्माजी बोले — गणाधिप ! भाद्रपद मासके शुक्लपक्षकी सप्तमी तिथि अपराजिता-सप्तमी नामसे विख्यात है । यह महापातकों का नाश करती है । इस व्रतमें चतुर्थी तिथि… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९७ December 14, 2018 | aspundir | Leave a comment भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९७ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ९७ जयन्ती-सप्तमी का विधान और फल ब्रह्माजी बोले — त्रिलोचन ! माघ मासके शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि जयन्ती-सप्तमी कही जाती है, यह पुण्यदायिनी, पापविनाशिनी तथा कल्याणकारिणी है । इस तिथिपर जिस विधिसे उपासना करनी… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९६ December 14, 2018 | aspundir | Leave a comment भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९६ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ९६ जया-सप्तमी-व्रतका वर्णन दिण्डी ने कहा — ब्रह्मन् ! आपने मुझसे जो सात सप्तमियों का वर्णन किया है, उसमें जो पहली सप्तमी है, उसके विषयमें तो आपने विस्तारपूर्वक वर्णन किया, किंतु शेष छः सप्तमियों के… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९४ से ९५ December 14, 2018 | aspundir | Leave a comment भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९४ से ९५ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ९४ से ९५ एक वैश्य तथा ब्राह्मणकी कथा, सूर्यमन्दिर में पुराण-वाचन एवं भगवान् सूर्यको स्नानादि करानेका फल ब्रह्माजी बोले — दिण्डिन् ! मैं आपको पितामह और कुमार कार्तिकेय का एक आख्यान सुना रहा… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९३ December 14, 2018 | aspundir | Leave a comment भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९३ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ९३ सूर्यदेव की पूजामें विविध उपचार और फल आदि निवेदन करने का माहात्म्य ब्रह्माजी बोले — दिण्डिन् ! जो प्राणी भगवान् सूर्यनारायण के निमित्त सभी धर्म-कार्य करते हैं, उनके कुल में रोगी और दरिद्री उत्पन्न… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९१ से ९२ December 14, 2018 | aspundir | Leave a comment भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ९१ से ९२ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ९१ से ९२ रोगहा एवं महाश्वेतवार – व्रत की विधि ब्रह्माजी बोले – दिण्डिन् ! यदि आदित्यवार को उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र पड़े तो उसे रोगहावार कहते हैं । यह सम्पूर्ण रोगों एवं भयों को… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ८८ से ९० December 14, 2018 | aspundir | Leave a comment भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ८८ से ९० ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ८८ से ९० विजय, आदित्याभिमुख तथा हृदयवार – व्रतों की विधि ब्रह्माजी बोले – दिण्डिन् ! शुक्ल पक्ष में रोहिणी नक्षत्र से युक्त सप्तमी तिथि को विजय-संज्ञक आदित्यवार कहते हैं । वह सम्पूर्ण… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ८६ से ८७ December 13, 2018 | aspundir | Leave a comment भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ८६ से ८७ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ८६ से ८७ पुत्रद, जय, जयन्त संज्ञक आदित्यवार – व्रतों की विधि ब्रह्माजी बोले – दिण्डिन् ! जिस आदित्यवार को हस्त नक्षत्र हो उसे पुत्रद (आदित्य) वार कहा जाता हैं । उस दिन… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ८३ से ८५ December 13, 2018 | aspundir | Leave a comment भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ८३ से ८५ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ८३ से ८५ भद्रादित्य, सौम्यादित्य और कामदादित्यवार – व्रतों की विधि का निरूपण ब्रह्माजी बोले – दिण्डिन् ! भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि को जो वार हो उसका नाम ‘भद्र’… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ८२ December 13, 2018 | aspundir | 1 Comment भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ८२ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ८२ द्वादश रविवारों का वर्णन और नन्दादित्य – व्रत की विधि दिण्डी ने ब्रह्माजी से पूछा – ब्रह्मन् ! जो मनुष्य आदित्यवार के दिन श्रद्धा – भक्तिसे सूर्यदेव का स्नान –दानादि कर पूजन करते हैं,… Read More