भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ६१ से ६३ भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ६१ से ६३ ॐ श्रीपरमात्मने नम: श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ६१ से ६३ भगवान् सूर्य द्वारा योग का वर्णन एवं ब्रह्माजी द्वारा दिण्डी को दिया गया क्रियायोग का उपदेश सुमन्तु मुनि ने कहा – राजन् ! ऋषियों को जिस प्रकार ब्रह्माजी ने सूर्यनारायण… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५९ से ६० भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५९ से ६० ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ५९ से ६० रथसप्तमी तथा भगवान् सूर्य की महिमा का वर्णन ब्रह्माजी बोले – हे रूद्र ! माघ मास के शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि को उपवास करके गन्धादि उपचारों से भगवान् सूर्यनारायण… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५८ भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५८ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ५८ सूर्यनारायण की रथयात्रा का फल ब्रह्माजीने कहा — हे महादेव ! इस प्रकार अमित ओजस्वी भगवान् भास्कर को रथयात्रा करने वाला और दूसरे से कराने वाला व्यक्ति परार्ध वर्षों (ब्रह्माजीकी आधी आयु)तक सूर्यलोक में… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५६-५७ भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५६-५७ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ५६-५७ रथयात्रा में विघ्र होने पर एवं गोचर में दुष्ट ग्रहों के आ जाने पर शान्ति का विधान और तिल की महिमा भगवान् रुद्र ने पूछा — ब्रह्मन् ! आप पुनः रथयात्रा का वर्णन करें… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५५ भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५५ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ५५ भगवान् सूर्य का अभिषेक एवं उनकी रथयात्रा रुद्रने पूछा — ब्रह्मन् ! भगवान् सूर्य की रथयात्रा कब और किस विधि से की जाती है ? रथयात्रा करने वाले, रथ को खींचने वाले, रथ को… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५४ भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५४ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ५४ भगवान् सूर्य की महिमा, विभिन्न ऋतुओं में उनके अलग-अलग वर्ण तथा उनके फल भगवान् रुद्र ने कहा – ब्रह्मन् ! आपने भगवान् सूर्यनारायण के माहात्म्य का वर्णन किया, जिसके सुनने से हमें बहुत आनन्द… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५२ से ५३ भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५२ से ५३ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ५२ से ५३ सूर्यदेव के रथ एवं उसके साथ भ्रमण करनेवाले देवता-नाग आदि का वर्णन राजा शतानीक ने पूछा – मुने ! सूर्यनारायण की रथयात्रा किस विधानसे करनी चाहिये । रथ कैसा बनाना… Read More
भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५० से ५१ भविष्यपुराण – ब्राह्म पर्व – अध्याय ५० से ५१ ॐ श्रीपरमात्मने नमः श्रीगणेशाय नमः ॐ नमो भगवते वासुदेवाय भविष्यपुराण (ब्राह्मपर्व) अध्याय – ५० से ५१ भगवान् सूर्य के पूजन एवं व्रतोद्यापन का विधान, द्वादश, आदित्यों के नाम और रथसप्तमी-व्रत की महिमा भगवान् श्रीकृष्ण ने कहा – साम्ब ! अब मैं सूर्य के विशिष्ट अवसरोंपर होनेवाले… Read More
सिद्ध वशीकरण मन्त्र सिद्ध वशीकरण मन्त्र विधिः- किसी भी ग्रहण-वेला में, इस मन्त्र का जप आरम्भ करें। अधिकतम संख्या में जप करते हुए कम से कम समय में इसकी 10,000 संख्या पूरी कर लें। तत्पश्चात् 108 बार इसी मन्त्र से लोबान द्वारा आहुति दें। इस क्रिया से मन्त्र सिद्ध होकर पूर्णरूपेण शक्तिशाली हो जायेगा। तत्पश्चात् जिस स्त्री या… Read More
सुपारी वशीकरण मन्त्र सुपारी वशीकरण मन्त्र मन्त्रः- “अमुक गुरू गुफतार जाग-जाग अलाउद्दीन शैतान सात बार अमुक के जिपा आन जो न माने तो मेरी अम्मा की तलाक हमशीश की तलाक।”… Read More